इंडियन आयल और गैस एजेंन्सीज की मिलीभगत से होता फर्जीवाडा
आज हम आपको इंडियन आयल की गैस एजेंसीज के द्वारा किये जा रहे ऐसे गोलमाल के बारे में बताने जा रहे हैं,जो बगैर इंडियन आयल की मिलीभगत के संभव नहीं हो सकता.इंडियनआयल का दावा है की उन्होंने कंप्यूटर के द्वारा गैस बुकिंग का जो तरीका निकाला है उससे,उपभोक्ता के मोबाइल से फ़ोन करके ही बुकिंग कराइ जा सकती है,उसके बाद बुकिंग कराते ही उपभोक्ता को s.m.s.जायेगा की उसका बुकिंग no.क्या है,उसके बाद जिस दिन invoice बनेगी उस दिन फिर s.m.s.जायेगा कि invoice no. क्या है.फिर जिस दिन डिलेवरी मैन गैस उपभोक्ता को देने जायेगा,उस दिन डिलेवरी हो जाने के बाद उपभोक्ता को s.m.s. जायेगा कि इस तारीख को डिलेवरी हो गयी.
जब से ६ या १२ गैस एक साल में मिलने की बात हुई थी तब से एक परची डिलेवरी मैन उपभोक्ता से ले जाता है जिससे पता चलता है की इस साल की कौन से no. की गैस आपको पहुँच गयी,वो परची डिलेवरी मैन गैस एजेंसी में जमा करता था,या है,[इस बात में अभी गोलमाल है].उपभोक्ता के घर पर रक्खी परची के दूसरे भाग पर डिलेवरी मैन के हस्ताक्षर करवाने होते हैं,कि परची का एक भाग वो ले गया है और गैस की डिलेवरी दे गया है,वोह डिलेवरी मैन अपने हाथ से उस परची पर लिखता है की कौन से no. की गैस उपभोक्ता को मिली है,पहली,दूसरी,तीसरी या आगे .........
अब आपको समझना होगा कि गैस एजेंसीज के लिए गोलमाल करने के लिये,इंडियन आयल ने बुकिंग सॉफ्टवेयर में एक गलती जानबूझ कर छोड़ दी.
होना यह चाहिए था की उपभोक्ता का जो मोबाइल no. इंडियन आयल के पास अंकित [रजिस्टर्ड] है,उससे और सिर्फ उससे ही फ़ोन करके उपभोक्ता अपनी गैस बुकिंग करा सकता है.परन्तु ऐसा है नहीं किया गया.7/30/2014
अब देखिये गोलमाल होता कैसे है
गैस एजेंसी वाला अपने रिकार्ड्स से पहले यह देखता है कि कौन से उपभोक्ता ने कम सिलेण्डर बुक कराये हैं,गैस एजेंसी वाला अपने रजिस्टर्ड मोबाइल no. से उस उपभोक्ता के गैस कनेक्शन no.की बुकिंग करा देता है,उपभोक्ता के पास s.m.s. जाता है,वोह सोचता है उसने तो गैस बुक नहीं कराई गलती से s.m.s. आ गया होगा.उपभोक्ता के पास दो चार दिन के अन्तेर पर s.m.s. पहुँचते है पर गैस वाला गैस सिलेण्डर देने नहीं आता है,उसको लगता है बेकार के s.m.s. थे.
परन्तु उपभोक्ता के कोटे से एक गैस सिलेण्डर निकल कर बाज़ार में ऊँचे दामो [black market] में बिक जाता है.एक सिलेण्डर पर ७०० से १००० रूपए का फायेदा गैस एजेंसी वाले को हो जाता है,जो शायद,नीचे से उपर तक जाता होगा.गैस की वो परची जब उपभोक्ता के पास से आयी नहीं तो गैस एजेंसी वाले ने यह कैसे समझ लिया की गैस सही जगह पहुँच गयी,उसके पीछे यही बात ठीक समझ में आती है की जब गैस एजेंसी वाले खुद इस काम को कर रहे हैं तो वो डिलेवरी मैन से क्यों पूछेंगे. महीने दो महीने के बाद जब उपभोक्ता अपनी गैस बुक कराता है और उसके पास गैस पहुंचती है और वोह परची देता है तो उससे बताया जाता है की एक बार आपने परची नहीं दी थी,आप वो परची भी दे दो.बहुत सारे उपभोक्ता उनकी बातों में आ जाते हैं क्योंकि उनको कम सिलेण्डर की जरुरत होती है.जो नहीं मानते हैं, उन्हें एजेंसी के कंप्यूटर पर दिखा दिया जाता है की देखिये ,इस दिन आपने गैस बुक कराई,इस दिन invoice बना ,इस दिन आपको गैस डेलेवर हुई,उपभोक्ता चुप हो जाता है बेचारा.
हम इस सामाजिक बुराई,मिलीभगत या गोलमाल को कैसे दूर कर सकते हैं?हमारा आपका सबका एक उत्तरदायित्व बनता है की हम समाज में फैली इन बुराइयों को दूर करने के उपाय तलाशें.आपको जो उपाय समझ में आ रहा हो हमसे बताएं,या किसी और तरह से समाज को अवगत करायें.हमको जो उपाए समझ में आ रहा है वो निम्न है.
इस लूट गोलमाल कालाबाजारी को रोकने का एक प्रयास हमारी तरफ से
इंडियन आयल का सिलिंडर बुकिंग का जो सॉफ्टवेयर बना हुआ है उसमे कुछ बदलाव करने पड़ेंगे.जो निम्न हैं,
1. सिलेण्डर की बुकिंग सिर्फ और सिर्फ उपभोक्ता के रजिस्टर्ड मोबाइल no.से ही हो,और s.m.s. जाये
2. invoice बनने पर फिर s.m.s. जाये.
3. डिलेवरी देने जा रहा है आदमी जिस दिन और जिस समय फिर s.m.s. जाये.
4. एक ख़ास बात-डिलेवरी देने के समय डिलीवरी मैन उपभोक्ता के रजिस्टर्ड मोबाइल से इंडियन आयल के फ़ोन no. पर उपभोक्ता से ख़बर करवाये, बात करवाकर, s.m.s. करवाकर या IVR तकनीकि के द्वारा.जो भी आसानी से सम्भव हो सके,कि सिलिंडर उपभोक्ता को प्राप्त हो गया है.
5. इससे कितने सिलेण्डर बुक हुए,कितने प्राप्त हुए सबका रिकॉर्ड सीधे इंडियनआयल के सॉफ्टवेयर में दर्ज होगा और गैस एजेंसी वाले या डिलेवरीमैन कोई भी गोलमाल या कालाबाजारी नहीं कर पायेंगे.
6. उपभोक्ता परची रखने के झंझट से भी बचेंगे एवं गैस एजेंसीज वाले परची सँभालने तथा उपर पहुँचाने के झंझट से भी बचेंगे.
7, गैस की कालाबाजारी रुकेगी जिससे,कम गैस सिलेण्डरकी खपत होगी, गैस पर सब्सिडी भी कम देनी पड़ेगी जिसके फलस्वरूप गैस के दाम कम हो सकेंगे.
आपको यह उपाय कैसा लगा,इस पर अपने विचार हमें अवस्य बताएं.धन्यवाद.
K.C.MEHROTRA
K.C.MEHROTRA
33/001, Dayal Building, Near WARDROBE
Maqbara Road,Hazratganj, LUCKNOW-226001.
Mobile No. 09335200525, 09918800525
Off.Phone No. 0522 2200525
Resi. Phone No. 0522 2254534
E-mail: kcsir@in.com,kcmehrotra@gmail. com
Website: www.kcsir.in
Blogsite: www.kcsir.blogspot.in
Twittersite:www.twitter.com/ kcmehrotra